
चाईबासा: झारखंड मे अंधविश्वास के कारण सैकड़ों लोगों की जाने प्रतिवर्ष जा रही हैं। भले ही सरकार डायन प्रथा के विरोध में लागातार जनजागरूकता अभियान चला रही हो लेकिन कोल्हान के इलाके में अंधविश्वास से मुक्ति लोगों को नहीं मिल पा रही है। डायन के अंधविश्वास में पड़ोसियों ने मां-बेटी को लाठी-डंडे से पीटा, फिर चाकू से हाथ-गर्दन काट हत्या कर दी। पिता-पुत्र ने भागकर जान बचाई। बेटी के साथ दुष्कर्म की भी आशंका है। अंधविश्वास का यह मामला पश्चिमी सिंहभूम जिले के अति-नक्सल प्रभावित गुदड़ी थाना क्षेत्र के रोवाउली गांव का है। घटना के 24 घंटे बाद गुुरुवार शाम को गुदड़ी थाना में पिता-पुत्र ने जानकारी दी। शुक्रवार को चक्रधरपुर डीएसपी आनंद मोहन सिंह और थाना प्रभारी मनोज कुमार गुप्ता ने परिजनों से घटना की पूरी जानकारी ली। पुलिस ने दोनों शवों का पंचनामा करने के साथ ही परिजनों के फर्दबयान पर आरोपियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया है। घर के दो लोगों की हत्या के बाद सुभाष खंडाइत और उसके परिजन इतने डरे हुए हैं कि लौटकर घर जाना नहीं चाहते। सोनुआ थाना में सुभाष ने बताया- वे घर वापस लौटे तो उनकी भी हत्या हो सकती है। हमलावरों ने उनके पूरे परिवार को खत्म करने का धमकी दी है। वे पत्नी और बेटी का अंतिम संस्कार भी अपने रिश्तेदार के गांव में ही करेंगे। सुभाष खंडाइत के अनुसार, उनका परिवार करीब 3-4 साल से घर पर मां मनसा की पूजा करता आ रहा है। सोमवार को रामबिलास की पत्नी झूमते हुए उनके घर आई थी और मां मनसा की फोटो के सामने बैठ गई थी। हमला करने वाले लोगों के परिवार में विगत वर्षों में एक-दो लोगों की बीमारी से मौत हो गई थी। इस पर वे उनके परिवार पर संदेह करने लगे। चक्रधरपुर के डीएसपी आनंद मोहन ािसंह के अनुसार-‘मृतका के परिजनों ने डायन का आरोप लगा हत्या करने की बात कही है। मामले की जांच चल रही है। जल्द ही आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होंगे।‘का आरोप लगा हत्या करने की बात कही है। मामले की जांच चल रही है। जल्द ही आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होंगे।‘
