
मुखर संवाद के लिये शिल्पी यादव की रिपोर्टः-
रांची: रांची का रवींद्र भवन (पुराना टाउन हॉल) अब लगभग बनकर तैयार है और जल्द ही उद्घाटन का इंतजार कर रहा है, जिसका काम कई सालों से चल रहा था; यह एक आधुनिक सांस्कृतिक केंद्र होगा जिसमें बड़ा ऑडिटोरियम, आर्ट गैलरी और अन्य सुविधाएं होंगी, हालांकि इसके उद्घाटन की तारीख मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के कार्यक्रम के अनुसार तय की जाएगी। आधुनिक सुविधाएंरू इसमें 1200 से 1500 लोगों की क्षमता वाला ऑडिटोरियम, कम्युनिटी हॉल, एसी रूम, जिम, फूड कोर्ट, लाइब्रेरी और म्यूजिकल रूम जैसी सुविधाएं होंगी। झारखंड की संस्कृतिरू भवन की दीवारों पर स्थानीय कलाकारों द्वारा झारखंड की समृद्ध जनजातीय संस्कृति और विरासत को दर्शाने वाले सुंदर भित्तिचित्र बनाए गए हैं।
पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने 2017 में इसकी नींव रखी थी; यह परियोजना कई बार देरी, डिजाइन बदलाव और लागत बढ़ने के कारण टलती रही है। रवीन्द्र भवन का संचालन पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मॉडल पर होने की संभावना है। अधिकारी जल्द ही मुख्यमंत्री द्वारा उद्घाटन की उम्मीद कर रहे हैं, संभवतः नए साल 2026 की शुरुआत में। रांची का रवींद्र भवन, जो कभी एक जर्जर टाउन हॉल था, अब अत्याधुनिक सुविधाओं और झारखंड की संस्कृति से सजी एक भव्य इमारत के रूप में शहर को एक नया सांस्कृतिक केंद्र प्रदान करने के लिए तैयार है। रांची यूनियन क्लब एंड लाइब्रेरी के अध्यक्ष ज्योतिर्मय चौधरी ने कहा कि रांची एक सांस्कृतिक रूप से जीवंत शहर है और रवीन्द्र भवन का उद्घाटन निश्चित रूप से आने वाले सालों में शहर के कलाकारों के लिए एक बड़ा बढ़ावा साबित होगा.
