

मुखर संवाद के लिये शिल्पी यादव की रिपोर्टः-
रांची: असम के मुख्यमंत्रीहिमांता विस्व सरमा को हनी र्ट्रैप में फंसने की साजिश की गई है ,इसका खुलासा झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष के नेता बाबूलाल मरांडी ने किया है। हिमांता विस्व सरमा से मिलने दो महिलाएं उनके पास पहुंची थी जिसमें एक असम की महिला थी । दोनों महिला संदिग्ध तरीके से बातचीत कर रही थी उनकी बातें संदिग्ध लग रही थी लेकिन मुख्यमंत्री हिमांता विस्व सरमा ने ठीक दोनों महिलाओं से वैसे ही बातचीत की जैसा भी अन्य लोगों से करते हैं । बाद में मुख्यमंत्री हिमांता विस्व सरमा को एहसास हुआ कि दोनों महिलाएं उन्हें किसी मामले में फंसाने की फिराक में थी । इस बात का खुलासा खुद मुख्यमंत्री हिमांता विस्व सरमा ने किया है। उन्होंने स्वीकार किया है कि यह उनके खिलाफ राजनीतिक साजिश हो सकती है । यह घटना झारखंड विधानसभा चुनाव के दौरान नवंबर 2024 की है। असम के मुख्यमंत्री हिमांता विस्व सरमा को हनी ट्रैप में फंसाने की साजिश का झारखंड बीजेपी जल्दी खुलासा करेगी । इसका दावा भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने किया है ।
बाबूलाल मरांडी ने अपने दावे में कहा है कि असम के मुख्यमंत्री हिमांता विस्व सरमा के खिलाफ साजिश में झारखंड के बड़ी पुलिस अधिकारी शामिल है । उसे पुलिस अधिकारी ने पिछले साल झारखंड विधानसभा चुनाव के दौरान दिल्ली और गुवाहाटी की यात्रा करने के लिए किसी को दो-दो बार पैसे दिए थे । वह जल्दी इसका खुलासा पूरे प्रमाण के साथ करने वाले हैं। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने असम के मुख्यमंत्री हिमांता विस्व सरमा को हनी ट्रैप में फंसने की साजिश को लेकर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से स्पष्ट करने का आग्रह भी किया है बाबूलाल मरांडी ने पूछा है कि क्या मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के जानकारी में एक कथित कार्य हुए हैं या नहीं। इसका खुलासा मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को करना चाहिए। बाबूलाल मरांडी के इस बयान के बाद अब राजनीतिक हल्का में चर्चा तेज हो गई है वहीं हनी ट्रैप को लेकर लगातार झारखंड में जो कुछ होता रहा है उसकी चर्चा होती रही है । ऐसे में कहा जा सकता है बाबूलाल मरांडी का यह ट्वीट निश्चित रूप से झारखंड की राजनीति में भूचाल लाने वाला है।
