
मुखर संवाद के लिये शिल्पी यादव की रिपोर्टः-
रांची / धनबाद: घरेलू एलपीजी की पैनिक बुकिंग रोकने के लिए पेट्रोलियम कंपनियों ने नया प्रावधान लागू किया किया है। ईरान युद्ध को लेकर लोग लागातार पैनिक बुकिंग करा रहे थे। ईरान वॉर में बढ़ते तनाव और आपूर्ति को लेकर संभावित आशंकाओं के बीच घरेलू एलपीजी की पैनिक बुकिंग रोकने के लिए पेट्रोलियम कंपनियों ने नया प्रावधान लागू किया है। अब उपभोक्ता 25 दिन के अंतराल के बाद ही एलपीजी सिलिंडर की बुकिंग कर सकेंगे और डिलीवरी भी इसी अवधि के बाद दी जायेगी. गैस कंपनियों के सिस्टम में यह व्यवस्था लागू कर दी गयी है। 25 दिन के पहले उपभोक्ता बुकिंग करने की कोशिश भी करते हैं, तो सिस्टम उसे स्वीकार नहीं कर रहा है। कंपनियों का कहना है कि इस व्यवस्था का उद्देश्य सभी उपभोक्ताओं को गैस की नियमित और संतुलित आपूर्ति सुनिश्चित करना है, ताकि कोई भी उपभोक्ता जरूरत से अधिक सिलिंडर जमा न कर सके। पेट्रोलियम कंपनियों के आंकड़ों के अनुसार 1 फरवरी 2026 तक धनबाद जिले में कुल करीब 6.4 लाख सक्रिय घरेलू एलपीजी उपभोक्ता हैं. इनमें सबसे अधिक उपभोक्ता इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन (आईओसी) के हैं। धनबाद में आईओसी के करीब 2.90 लाख उपभोक्ता हैं और इसकी 17 एजेंसियां कार्यरत हैं. इसके अलावा भारत पेट्रोलियम (बीपीसीएल) की सात और हिंदुस्तान पेट्रोलियम (एचपीसीएल) की भी सात एजेंसियां जिले में गैस आपूर्ति कर रही हैं।
कंपनियों का मानना है कि हाल के अंतरराष्ट्रीय हालात को देखते हुए कुछ स्थानों पर उपभोक्ताओं में अतिरिक्त सिलेंडर जमा करने की प्रवृत्ति देखी जाती है. एजेंसियों का कहना है कि फिलहाल धनबाद में गैस की कोई कमी नहीं है और सप्लाई सामान्य रूप से जारी है. इधर, बीपीसीएल के सेल्स अधिकारी एस जमाल ने कहा कि कंपनी का जो नया गाइड लाइन आया है उसे एजेंसी को भेज दिया गया है। रसोई गैस की कीमत 60 रुपये बढ़ गयी है. पहले 910 रुपये में रसोई गैस मिलती थी, जो बढ़कर 970 रुपये प्रति सिलिंडर हो गयी है. नयी दर सात मार्च से लागू कर दी गयी है। महावीर गैस एजेंसी के संचालक देवनारायण महतो ने कहा कि 25 दिन से पहले बुकिंग की एंट्री नहीं हो रही है। इस तरह की शिकायत मिल रही है। फिलहाल गैस सिलिंडर की कोई समस्या नहीं है और स्टॉक पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। उपभोक्ताओं में किसी तरह की पैनिक स्थिति नहीं है और सप्लाई सामान्य रूप से चल रही है. गैस सिलिंडर की ऑन लाइन बुकिंग होती है। कंपनी स्तर से ही ऑन लाइन बुकिंग सिस्टम में 25 दिनों का नया प्रावधान लागू किया गया है।
