
लोहरदगा से संजय पासवान की रिपोर्ट:-
लोहरदगा: लोहरदगा शहर मेें आमजनों का जनजीवन सामान्य नहीं हो पा रहा है। लागातार 7 वें दिन भी शहर में कर्फ्य जारी है। शहर में 7 दिन से लगे कर्फ्यू में गुरुवार को 3-3 घंटे तक 2 बार की ढील दी गई। शाम पांच बजे के बाद फिर से कर्फ्यू लगा दी गई। कर्फ्यू में छूट के दौरान दैनिक उपयोगी सामग्रियों की खरीदने के लिए सुबह 9 बजे से 12 बजे तक और दोपहर 2 से 5 बजे लोग घरों से निकले। जरूरत के सामानों को खरीदने के लिए भीड़ देखी गई। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी सामान्य स्थिति को बहाल करने के प्रयास में लगे हैं। लोहरदगा में 23 जनवरी को सीएए के समर्थन में निकले शांति मार्च में पथराव के बाद हालात बिगड़ गए थे। मामले में अब तक 21 उपद्रवियों की गिरफ्तारी की जा चुकी हैं। 55 लोगों को बॉन्ड भरवाकर छोड़ा गया है। 3-3 घंटे की ढील मिलने के बाद सड़कों पर काफी संख्या में दोपहिया वाहन चल रहे हैं। सभी चैक चैराहों पर पुलिस कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। ढील के बीच आईजी नवीन कुमार सिंह और डीआईजी अमोल वेणुकांत होमकर खुद कैंप कर शांति व्यवस्था बहाल करने लगे हुए हैं। कई स्थानों से अधिकारियों को विभिन्न दिशा निर्देश भी दे रहे हैं। लगातार उपद्रवियों के खिलाफ छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है। जिले के सभी सरकारी, गैर सरकारी स्कूल समेत सभी कॉलेज 30 जनवरी को बंद हैं। जिला शिक्षा पदाधिकारी रतन महावर ने बताया कि कर्फ्यू के मद्देनजर सभी स्कूल, कॉलेज बंद हैं। इधर, जिला प्रशासन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे जिला में शांति व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस और प्रशासन का सहयोग करें। इस क्रम में जिले के सभी नागरिकों को किसी भी प्रकार के गैर कानूनी कार्य किसी भी परिस्थिति में नही करने की बात कही गई है। किसी प्रकार की अफवाह और भ्रामक सूचना न फैलाएं। जिले के नागरिकों से अपील की गई है कि 100 नंबर पर डायल कर अफवाह, भ्रामक सूचना फैलाने वाले लोगों की सूचना दें। शहर के कई प्रमुख स्थानों के अलावा मुहल्ले और गलियों में ड्रोन से भी नजर रखी जा रही है। अलग-अलग क्षेत्रों में मजिस्ट्रेट की निगरानी में ड्रोन का संचालन कर वस्तुस्थिति का जायजा लिया जा रहा है।
