
’’मुखर संवाद के लिये शशिकांत की रिपोर्टः-
’’बोकारो।’’ राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर शुक्रवार को बोकारो में स्वच्छता, सादगी और राष्ट्रसेवा का संदेश एक साथ गूंजा। नमामि गंगे योजना के तहत संचालित ’’स्वच्छता ही सेवा 2026 एवं सेवा संकल्प अभियान’’ के समापन अवसर पर समाहरणालय परिसर में स्वच्छता अभियान चलाया गया। उपायुक्त अजय नाथ झा, पुलिस अधीक्षक नाथू सिंह मीणा, उप विकास आयुक्त शताब्दी मजूमदार, अपर समाहर्ता सुनील चन्द्र समेत जिला स्तरीय पदाधिकारियों एवं कर्मियों ने झाड़ू लगाकर स्वच्छता का संदेश दिया। समाहरणालय परिसर और आसपास के क्षेत्रों में साफ-सफाई के साथ हस्ताक्षर अभियान भी चलाया गया। अधिकारियों और कर्मियों ने हस्ताक्षर कर स्वच्छता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई। इस दौरान सभी को स्वच्छता की शपथ दिलाई गई और नदियों एवं जल स्रोतों को प्रदूषणमुक्त रखने का संकल्प लिया गया। उपायुक्त अजय नाथ झा ने कहा कि पिछले 15 दिनों से चल रहे स्वच्छता अभियान का आज समापन हो रहा है। पिछले अभियान की तुलना में स्थिति में सुधार हुआ है, लेकिन स्वच्छता के अपेक्षित स्तर तक पहुंचने के लिए अभी निरंतर प्रयास जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि झाड़ू उठाकर सफाई करना महज प्रतीकात्मक कार्यक्रम नहीं, बल्कि समाज को यह संदेश देना है कि स्वच्छता हमारी जीवनशैली का हिस्सा बने। उन्होंने सफाई कर्मियों के योगदान को रेखांकित करते हुए कहा कि जो लोग पूरे वर्ष घरों, कार्यालयों और सार्वजनिक स्थलों को स्वच्छ रखने में जुटे रहते हैं, उनके प्रति सम्मान की भावना होनी चाहिए। स्वच्छता के काम में किसी तरह की प्रतिष्ठा या अपमान का भाव नहीं होना चाहिए। बोकारो जैसे सुंदर शहर की स्वच्छता और सुंदरता बनाए रखना सभी नागरिकों की सामूहिक जिम्मेदारी है। एसपी नाथू सिंह मीणा ने कहा कि स्वास्थ्य और स्वच्छता का सीधा संबंध है। जिस तरह लोग अपने घरों को साफ रखते हैं, उसी तरह सार्वजनिक स्थलों को भी अपना समझकर स्वच्छ रखना चाहिए। प्लास्टिक और अन्य कचरे को खुले में फेंकने से पर्यावरण को नुकसान पहुंचने के साथ नालियां जाम होने जैसी समस्याएं भी पैदा होती हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक नागरिक अपने घर, मोहल्ले और आसपास के क्षेत्र को स्वच्छ रखने का संकल्प ले, तो पूरा जिला स्वच्छ रह सकता है। कार्यक्रम में ’’“स्वच्छ नदियां, स्वस्थ भारतकृहम सबका है यह संकल्प”’’ का संदेश दिया गया। उपस्थित लोगों ने स्वच्छ, सुंदर और हरित बोकारो के निर्माण में सक्रिय भागीदारी का संकल्प लिया।
शास्त्री जयंती पर सादगी और राष्ट्र प्रथम का संदेश
इधर बोकारो स्टील सिटी के सेक्टर-6 स्थित पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की आदमकद प्रतिमा स्थल पर लाल बहादुर सेवा समिति ने जयंती समारोह आयोजित किया। कार्यक्रम में धनबाद सांसद ढुल्लू महतो, बोकारो स्टील के प्रभारी निदेशक, उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक समेत अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे। अतिथियों ने शास्त्रीजी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। बोकारो स्टील के प्रभारी निदेशक ने कहा कि गांधी और शास्त्री देश के दो ऐसे रत्न हैं, जिनका जीवन आज भी समाज को प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि शास्त्रीजी का सादा जीवन यह सिखाता है कि अभावों के बीच भी जीवन को बेहतर बनाया जा सकता है। प्रधानमंत्री पद पर रहते हुए भी उन्होंने सादगी को जीवन का हिस्सा बनाया और ’’“जय जवान, जय किसान”’’ का मंत्र दिया, जिसकी प्रासंगिकता आज भी बनी हुई है। उन्होंने बोकारो स्टील के विकास का उल्लेख करते हुए कहा कि जिस दिशा में संयंत्र आगे बढ़ रहा है, उससे बोकारो स्टील देश का गौरव साबित होगा और नगरवासियों को भी इस विकास यात्रा पर गर्व महसूस होगा। समारोह में बोकारो जिला चित्रगुप्त परिवार की ओर से नगर के चार विद्यालयों में आयोजित चित्रांकन, नृत्य, संगीत और भाषण प्रतियोगिताओं के 78 विजेता छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। विद्यार्थियों को लाल बहादुर शास्त्री के सादगीपूर्ण जीवन और ’’राष्ट्र प्रथम’’ की भावना से प्रेरित किया गया। इस तरह गांधी और शास्त्री जयंती ने बोकारो में स्वच्छता, सादगी और राष्ट्रसेवा के मूल्यों को जनसंकल्प से जोड़ दिया।
